झारखंड में बदला मौसम का मिजाज: रांची में झमाझम बारिश, कई जिलों में वज्रपात और लू का अलर्ट

झारखंड में मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। राजधानी रांची समेत कई जिलों में गुरुवार को तेज बारिश हुई, जिससे लोगों को गर्मी और उमस से राहत मिली। वहीं दूसरी ओर राज्य के कुछ हिस्सों में लू चलने की संभावना को देखते हुए मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया है।

मौसम विभाग के अनुसार, उत्तर-पश्चिमी जिलों गढ़वा, पलामू और चतरा के कुछ इलाकों में शुक्रवार को लू चलने की आशंका है। इसे देखते हुए इन जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। विभाग ने लोगों को दोपहर के समय धूप में निकलने से बचने और पर्याप्त पानी पीने की सलाह दी है।

वहीं उत्तर-पश्चिमी जिलों को छोड़कर राज्य के बाकी 20 जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश और वज्रपात की संभावना जताई गई है। इन जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी करते हुए लोगों को सतर्क रहने की अपील की गई है। किसानों और खुले स्थानों पर काम करने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।

पिछले 24 घंटे में राज्य के कई हिस्सों में अच्छी बारिश दर्ज की गई। चाईबासा में सबसे अधिक 50.3 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई। बारिश के कारण कई इलाकों में तापमान में गिरावट आई और लोगों को राहत मिली।

राजधानी रांची में गुरुवार सुबह मौसम सामान्य था, लेकिन दोपहर बाद अचानक बादल छा गए और तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश के बाद शहर का मौसम सुहावना हो गया। हालांकि कई सड़कों पर जलजमाव की स्थिति भी देखने को मिली।

मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, गुरुवार को राज्य में सबसे अधिक तापमान डाल्टनगंज में 39.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि सबसे कम तापमान लातेहार में 22.9 डिग्री सेल्सियस रहा।

प्रमुख शहरों में रांची का अधिकतम तापमान 34.4 डिग्री और न्यूनतम 23 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जमशेदपुर में अधिकतम तापमान 37.6 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस रहा। बोकारो में अधिकतम तापमान 36.2 डिग्री और न्यूनतम 26.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी और स्थानीय मौसमी परिस्थितियों के कारण अगले कुछ दिनों तक राज्य में मौसम में उतार-चढ़ाव जारी रहेगा। कई इलाकों में तेज बारिश, गरज के साथ बौछारें और वज्रपात हो सकता है, जबकि कुछ उत्तर-पश्चिमी जिलों में गर्म हवाओं का असर बना रह सकता है।

मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें और आकाशीय बिजली से बचाव के लिए खुले मैदान, जलाशय और ऊंचे पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचें।

Lucky Sahu
Author: Lucky Sahu