अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट के बाद देश में पेट्रोल और डीजल के दाम घटने की उम्मीद लगाए बैठे उपभोक्ताओं के लिए बड़ी खबर सामने आई है। सरकार ने संकेत दिए हैं कि सस्ते कच्चे तेल का फायदा आम लोगों तक पहुंचाया जा सकता है, लेकिन इसके लिए कुछ समय इंतजार करना पड़ सकता है।
जानकारों के मुताबिक, तेल कंपनियां पहले अपने नुकसान की भरपाई करने की कोशिश करेंगी। इसके बाद ही पेट्रोल-डीजल के दामों में कमी का फैसला लिया जा सकता है। कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट का असर सीधे खुदरा बाजार में तुरंत नहीं दिखता, क्योंकि आयात, रिफाइनिंग और वितरण प्रक्रिया में समय लगता है।
केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा है कि जब देश की रिफाइनरियों में कम कीमत वाला कच्चा तेल पहुंचने लगेगा, तब उसका लाभ उपभोक्ताओं तक पहुंचाने पर विचार किया जाएगा।
फिलहाल पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कटौती के लिए तेल कंपनियों की लागत, अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल का भाव, रुपये की स्थिति और सरकार की कर नीति जैसे कई कारक अहम रहेंगे।