रांची, 13 जून (हि.स.)। ऑल इंडिया पोस्टल-आरएमएस पेंशनर्स एसोसिएशन, झारखंड की बैठक शनिवार को रांची जीपीओ परिसर में आयोजित हुई। बैठक की अध्यक्षता एसोसिएशन के वरिष्ठ पदाधिकारी के.डी. राय व्यथित ने की। इसमें केंद्रीय और राज्य सरकार के पेंशनर्स से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की गई।
बैठक में आठवें वेतन आयोग से संबंधित प्रस्तावित वैलिडेशन संशोधन को लेकर पेंशनर्स ने चिंता जताई। एसोसिएशन के राज्य सचिव एम.जेड. ख़ान ने कहा कि यदि संशोधन मौजूदा स्वरूप में लागू होता है, तो 31 दिसंबर 2025 तक सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों और वर्तमान पेंशनर्स को आठवें वेतन आयोग के संभावित लाभ से वंचित होना पड़ सकता है। उन्होंने बताया कि इस मुद्दे को लेकर देशभर के पेंशनर्स संगठन लगातार आंदोलन और जनजागरण अभियान चला रहे हैं।
बैठक के दौरान पेंशनर्स के स्वास्थ्य हितों को ध्यान में रखते हुए रोहिणी डेंटल क्लिनिक के सहयोग से नि:शुल्क दंत चिकित्सा शिविर लगाया गया। इसमें पेंशनर्स ने विशेषज्ञ चिकित्सकों से परामर्श लिया।
एसोसिएशन ने केंद्रीय सरकारी स्वास्थ्य योजना (सीजीएचएस) की समस्याओं को लेकर सात जुलाई को रांची स्थित सीजीएचएस परिसर में एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन करने का निर्णय लिया। संगठन ने दवाओं की अनियमित आपूर्ति, देरी और स्वास्थ्य सुविधाओं में कमी को लेकर नाराजगी जताई।
बैठक में रांची सीजीएचएस केंद्र में दवाओं की आपूर्ति में देरी, स्थानीय सलाहकार समिति के गठन में विलंब और पिछले तीन वर्षों से जोनल एवं लोकल एडवाइजरी कमेटियों की बैठक नहीं होने पर भी चिंता व्यक्त की गई। सदस्यों ने जल्द समितियों के गठन और नियमित बैठकों की मांग की।
इसके अलावा सीजीएचएस के अन्य वेलनेस सेंटरों में आयुर्वेदिक चिकित्सा सुविधा शुरू करने की मांग भी उठाई गई। संगठन का कहना है कि इससे पेंशनर्स को उपचार के अतिरिक्त विकल्प मिल सकेंगे।
सदस्यता अभियान को मजबूत करने के लिए एसोसिएशन जुलाई के दूसरे सप्ताह से देवघर, दुमका, गुमला और साहिबगंज जिलों का संगठनात्मक दौरा करेगा। इस दौरान पेंशनर्स की समस्याएं और सुझाव जुटाए जाएंगे।
बैठक में एम.जेड. ख़ान, त्रिलोकी नाथ साहू, सुखदेव राम, मो. रफी, राजेंद्र महतो, देवचरण साहू, सैयद अख्तर शाह, रमेश सिंह, जयराम प्रसाद, डी.एन. साहू, सत्येंद्र प्रसाद सिंह, परीक्षित सेठ, शेख शमीम अंसारी, नंद कुमार पाण्डेय, अवधेश पाठक, रमेश दुबे समेत बड़ी संख्या में पेंशनर्स मौजूद रहे।