बायोमेट्रिक हाजिरी के विरोध में मजदूर संगठन एकजुट, 15 जून से आंदोलन की चेतावनी

पश्चिमी सिंहभूम, 14 जून (हि.स.)। सेल प्रबंधन की ओर से 15 जून से सभी खदानों में बायोमेट्रिक हाजिरी प्रणाली लागू करने के फैसले के विरोध में पश्चिमी सिंहभूम जिले के विभिन्न श्रमिक संगठन एकजुट हो गए हैं। रविवार को मेघाहातुबुरु स्थित सामुदायिक भवन में संयुक्त मोर्चा की बैठक आयोजित की गई, जिसकी अध्यक्षता दीपक राम ने की।

बैठक में एटक, इंटक (चौबे गुट एवं दुबे गुट), झारखंड मजदूर संघर्ष संघ, भारतीय मजदूर संघ, झारखंड माइंस मजदूर यूनियन, एचएमएस, सीटू और ऑल झारखंड माइंस वर्कर्स यूनियन समेत कई श्रमिक संगठनों के प्रतिनिधि शामिल हुए।

बैठक में श्रमिक नेताओं ने कहा कि बायोमेट्रिक हाजिरी का मामला न्यायालय में विचाराधीन है। अंतिम निर्णय आने तक कोई भी श्रमिक मशीन के माध्यम से उपस्थिति दर्ज नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि फिलहाल पुरानी व्यवस्था के तहत टाइम ऑफिस में कार्ड पंचिंग और रजिस्टर से ही हाजिरी बनाई जाएगी।

श्रमिक संगठनों ने आरोप लगाया कि सेल प्रबंधन ने बिना यूनियनों से बातचीत किए नई व्यवस्था लागू करने का निर्णय लिया है। संयुक्त मोर्चा ने चेतावनी दी कि यदि टाइम ऑफिस बंद किए गए तो श्रमिक वहीं एकत्र होकर रजिस्टर में अपनी उपस्थिति दर्ज कराएंगे।

बैठक में मजदूरों की लंबित मांगों को भी उठाया गया। इनमें 39 माह का एरियर भुगतान, पर्क्स, बेहतर चिकित्सा सुविधा और विशेषज्ञ डॉक्टरों की नियुक्ति जैसी मांगें शामिल हैं।

संयुक्त मोर्चा के अध्यक्ष दीपक राम ने कहा कि 15 जून को सुबह 5:30 बजे सभी श्रमिक टाइम ऑफिस पहुंचकर शांतिपूर्ण तरीके से विरोध दर्ज कराएंगे।

बैठक में संतोष कुमार पांडा, बीर सिंह मुंडा, इंतखाब आलम, गुंजन कुमार, अनिल टोपनो, बीरबल गुड़िया, अमरनाथ यादव, आलम अंसारी, एस. होरो, अबरार अहमद, कामता प्रसाद, जगजीत सिंह गिल, धनी राम लकड़ा, अर्जुन सिंह पूर्ति, नईम आलम और दयानंद कुमार समेत कई श्रमिक नेता मौजूद रहे।

Lucky Sahu
Author: Lucky Sahu