खूंटपानी प्रखंड के सालीगुटू गांव में प्रस्तावित पुनर्वास योजना को जिला प्रशासन की ओर से फिलहाल रोक दिए जाने के बाद ग्रामीणों में खुशी और राहत का माहौल है। ग्रामीणों ने इसे अपनी जमीन, आजीविका और भविष्य की सुरक्षा की दिशा में अहम फैसला बताते हुए जिला प्रशासन और उपायुक्त के प्रति आभार जताया है।
जानकारी के अनुसार, सालीगुटू गांव की 3 एकड़ 84 डिसमिल भूमि पर पुनर्वास योजना लागू करने का प्रस्ताव था। इस प्रस्ताव के सामने आने के बाद ग्रामीणों ने अपनी आपत्तियां दर्ज कराते हुए विरोध शुरू किया था। ग्रामीणों का कहना था कि उनकी सहमति के बिना किसी भी योजना को लागू करना उनके अधिकारों और हितों के खिलाफ होगा।
ग्रामीणों की मांग को लेकर शुक्रवार को गांव में ग्राम सभा का आयोजन किया गया। इसमें बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने हिस्सा लिया और प्रस्तावित योजना को लेकर अपनी चिंताएं और आपत्तियां रखीं। ग्राम सभा में ग्रामीणों की एकजुट राय के बाद प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए फिलहाल पुनर्वास योजना को आगे नहीं बढ़ाने का निर्णय लिया।
इस पूरे मामले में खूंटपानी प्रखंड प्रमुख सिद्धार्थ होनहागा की भूमिका भी अहम रही। ग्रामीणों के अनुसार, उन्होंने ग्राम सभा के आयोजन और ग्रामीणों की बात प्रशासन तक पहुंचाने में सक्रिय सहयोग किया। ग्रामीणों ने कहा कि उनकी एकजुटता, जागरूकता और शांतिपूर्ण प्रयासों के कारण यह सफलता मिली है।