पश्चिमी सिंहभूम, 08 जुलाई।
पश्चिमी सिंहभूम जिले में स्थानीय युवाओं को रोजगार, स्थानीय नियोजन नीति लागू करने और क्षेत्रीय विकास कार्यों की मांग को लेकर बुधवार को मनोहरपुर–बड़बिल/किरीबुरू मुख्य मार्ग पर ग्रामीणों ने चक्का जाम किया। करीब साढ़े पांच घंटे तक चले आंदोलन के बाद प्रशासन की पहल और सेल (SAIL) प्रबंधन के साथ लिखित समझौता होने पर आंदोलन समाप्त कर दिया गया।
सुबह लगभग आठ बजे संयुक्त ग्रामसभा परिषद के नेतृत्व में चिड़िया, बिनुवा, लोडो, टिमरा, सौदा और अंकुवा गांवों के ग्रामीण सड़क पर उतर आए। आंदोलन के कारण दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात पूरी तरह बाधित रहा।
स्थिति को देखते हुए मनोहरपुर के अंचलाधिकारी प्रदीप कुमार, बीडीओ शक्तिकुंज तथा पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में सेल चिड़िया खदान के महाप्रबंधक रवि रंजन और उपमहाप्रबंधक रतन पतरी ने ग्रामीण प्रतिनिधियों के साथ वार्ता की।
बैठक के बाद सेल प्रबंधन ने चार प्रमुख मांगों पर लिखित सहमति दी। समझौते के अनुसार प्रभावित गांवों के बेरोजगार युवक-युवतियों को संबंधित गांवों के मुंडाओं के माध्यम से रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा। साथ ही स्थानीय नियोजन और विकास कार्यों की समीक्षा के लिए प्रत्येक माह बैठक आयोजित होगी। सीएसआर मद से स्वास्थ्य, शिक्षा और पेयजल सुविधाओं को मजबूत करने तथा बिरसा चौक से अंकुवा चौक तक लगभग पांच किलोमीटर जर्जर सड़क का पक्कीकरण कराने का भी आश्वासन दिया गया।
लिखित आश्वासन मिलने के बाद दोपहर 1:26 बजे ग्रामीणों ने आंदोलन समाप्त कर सड़क खाली कर दी, जिसके बाद मनोहरपुर–बड़बिल मार्ग पर यातायात सामान्य हो गया। हालांकि आंदोलनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि तय समय सीमा के भीतर वादों को पूरा नहीं किया गया तो भविष्य में और बड़ा आंदोलन किया जाएगा।